बलरामपुर। यूपी बोर्ड परीक्षा 2026 को लेकर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। परीक्षा को निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और नकलविहीन कराने के लिए जिलाधिकारी विपिन कुमार जैन की अध्यक्षता में बुधवार को एमएलके पीजी कॉलेज में अहम बैठक हुई। बैठक में साफ कर दिया गया कि इस बार परीक्षा में किसी भी तरह की लापरवाही या नकल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।बैठक में अधिकारियों को जानकारी दी गई कि जिले में यूपी बोर्ड की परीक्षाएं 18 फरवरी से 12 मार्च 2026 तक आयोजित होंगी। इस दौरान 66 परीक्षा केंद्रों पर करीब 36 हजार 150 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे। प्रशासन ने परीक्षा को पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से सम्पन्न कराने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की है।प्रधानाचार्य एवं नोडल अधिकारी बोर्ड परीक्षा चंदन पांडे ने बैठक में बोर्ड की गाइडलाइन और एसओपी के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि परीक्षा संचालन के दौरान छोटी-सी चूक भी बड़ी समस्या बन सकती है, इसलिए सभी केंद्र व्यवस्थापक और मजिस्ट्रेट नियमों का सख्ती से पालन करें।अपर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि परीक्षा अवधि के दौरान सभी परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा। केंद्रों के आसपास कड़ी निगरानी रखी जाएगी और किसी भी बाहरी व्यक्ति को परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
डीएम बोले— जिम्मेदारी समझें अफसर
जिलाधिकारी विपिन कुमार जैन ने जोनल, सेक्टर और स्टेटिक मजिस्ट्रेट को निर्देशित किया कि वे बोर्ड के दिशा-निर्देशों का गहन अध्ययन कर लें। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी और केंद्र व्यवस्थापक आपसी समन्वय बनाकर काम करें, ताकि परीक्षा संचालन में कोई बाधा न आए।
सीसीटीवी से लेकर जनरेटर तक व्यवस्था अनिवार्य
डीएम ने निर्देश दिए कि सभी मजिस्ट्रेट अपने-अपने परीक्षा केंद्रों का भ्रमण कर व्यवस्थाओं का भौतिक सत्यापन करें। प्रत्येक केंद्र पर सीसीटीवी कैमरा, वॉइस रिकॉर्डर, पेयजल, स्वच्छ शौचालय, बिजली और जनरेटर बैकअप की व्यवस्था अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए।
नकलविहीन परीक्षा प्रशासन की प्राथमिकता
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने दो टूक कहा कि नकलविहीन और पारदर्शी परीक्षा कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।बैठक में जिला विद्यालय निरीक्षक मृदुला आनंद, विशेष पर्यवेक्षक एडी बेसिक गोंडा समेत अन्य संबंधित अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।

