
बलरामपुर।
बलरामपुर राजपरिवार शुरू से ही अपने नगर में विकास व नगर वासियों की खुशहाली को लेकर तत्पर रहा है ।बलरामपुर राज परिवार बलरामपुर नगर के विकास के लिए सदैव आगे बढ़कर आया और अपने नगर वासियों की हर संभव मदद भी की। जनपद बलरामपुर में आज भी ऐसी कई धरोहर हैं जो बलरामपुर राजपरिवार की उदारता की कहानी बयां करती हैं। स्कूल से लेकर अस्पताल या किसी भी प्रकार की सुविधा के लिए बलरामपुर राजपरिवार हमेशा आगे रहा है। इसी उदारता की मिसाल पेश करते हुए बलरामपुर से वर्तमान महाराज श्री जयेंद्र प्रताप सिंह ने इस बार एमएलके पीजी कॉलेज के सिटी पैलेस में अपने नगर वासियों संग खूब हर्षोल्लास के साथ होली का त्यौहार मनाया ,और आपसी प्रेम व भाईचारे की मिसाल भी पेश की।

महाराज बलरामपुर ने अबीर ,गुलाल लगाकर सभी नगर वासियों के साथ होली खेली और सभी के सुख समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की भी कामना की। बताया जाता है कि यह राज परिवार की परंपरा रही है, उसी को बनाए रखते हुए महाराजा जयेंद्र प्रताप सिंह ने सिटी पैलेस पर तमाम नगर वासियों के साथ होली का आनंद लिया ।सबसे पहले महाराजा जयेंद्र प्रताप सिंह ने सिटी पैलेस स्थित मंदिर में विधिवत पूजा अर्चना की ,और आराध्य से अपने नगर के लोगों के सुख समृद्धि के लिए प्रार्थना भी की। उसके बाद उन्होंने लोगों को अबीर गुलाल लगाकर एक दूसरे से सामान्य नागरिक की तरह गले मिलकर होली की शुभकामनाएं प्रेषित की। महाराजा जयेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि होली का त्यौहार सभी को आपसी द्वेष भूलाकर प्रेम व भाईचारे से रहने का संदेश दे रहा है ।अतः हम सभी को आपस में मिलकर रहना चाहिए, और देश की अखंडता को बनाए रखने का निरंतर प्रयास करना चाहिए। महाराजा साहब के साथ महा विद्यालय प्रबंध समिति के संयुक्त सचिव बृजेश सिंह, एमएलकेपीजी कॉलेज बलरामपुर के प्राचार्य प्रोफेसर जी पी पांडे,ने भी नगर वासियों को अबीर गुलाल लगाकर होली खेली और शुभकामनाएं दी। इस मौके पर प्रोफेसर अरविंद द्विवेदी, डॉ राजीव रंजन, डॉक्टर आलोक शुक्ला ,डॉक्टर सद्गुरु प्रकाश, डॉक्टर के के सिंह, डॉक्टर राजकुमार चौहान, नीरज सिंह ,विनीत मिश्रा ,अनिल सिंह एडवोकेट, राजकुमार श्रीवास्तव ,राकेश सिंह, प्रवीण सिंह ,राघवेंद्र प्रताप सिंह, राजेश सिंह, बबलू सिंह, सहित अधिक से अधिक संख्या में नगरवासी भी उपस्थित रहे। राज परिवार के साथ ऐसे प्रेम व हर्ष से होली का आनंद लेते हुए नगरवासी उत्साह से भरे हुए थे। नगर वासियों ने भी बड़े ही हर्षोल्लास के साथ अपने महाराज को और उपस्थित तमाम अतिथियों को अबीर और गुलाल लगाकर एक दूसरे से गले मिलकर होली की शुभकामनाएं दी ,और एक दूसरे की सुख समृद्धि की भी कामना की।


