बलरामपुर। शनिवार को ईद-उल-फितर का मुकद्दस त्योहार पूरे जिले में बड़े ही अकीदत, भाईचारे और खुशी के माहौल में मनाया गया। सुबह से ही मुस्लिम समुदाय के लोग नए कपड़े पहनकर मस्जिदों और ईदगाहों की ओर रुख करने लगे। जिले भर की करीब सात सौ मस्जिदों और ईदगाहों में बड़ी संख्या में नमाजियों ने पहुंचकर ईद की नमाज अदा की और मुल्क की अमन-चैन, खुशहाली और आपसी भाईचारे की दुआ मांगी।नगर के मोहल्ला गोविंदबाग स्थित हाजी इब्राहीम मिस्त्री मस्जिद में नमाज से पहले तकरीर करते हुए मौलाना सैय्यद अहमद उल्लाह ने कहा कि ईद सिर्फ खुशी का नाम नहीं है, बल्कि यह सब्र, शुक्र और मोहब्बत का पैगाम देती है। रमज़ान हमें सिखाता है कि हम भूख-प्यास सहकर गरीबों और जरूरतमंदों का ख्याल रखें और गुनाहों से बचें। उन्होंने नसीहत दी कि मदद इस तरह की जाए कि दिखावा न हो, क्योंकि इस्लाम में रिया (दिखावा) को नापसंद किया गया है। अगर दाहिने हाथ से मदद करें तो बाएं हाथ को भी खबर न हो।नमाज के बाद सभी नमाजियों ने हाथ उठाकर मुल्क की सलामती और समाज में अमन व शांति की दुआ मांगी, फिर एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। नगर के बड़े पुल स्थित बीबी बांदी साहिबा मस्जिद, सराय फाटक स्थित रहीम बख्श ईदगाह, यतीमखाना मस्जिद, हाजी हिसामुद्दीन मस्जिद और नौशहरा की बड़ी ईदगाह सहित जिले की तमाम मस्जिदों में नमाज अदा की गई। सुबह हल्की बारिश के चलते कई जगह नमाज मस्जिदों के अंदर ही अदा करनी पड़ी।
सिवइयां-छोले-कबाब के संग पूरे परिवार ने मनाई ईद
उतरौला तहसील क्षेत्र के गांधीनगर ईदगाह, गैंड़ास बुजुर्ग, महुआ बाजार, हासिमपारा, सादुल्लाहनगर, रेहरा बाजार, श्रीदत्तगंज समेत ग्रामीण इलाकों में भी बड़ी संख्या में लोगों ने नमाज अदा की। वहीं तुलसीपुर क्षेत्र के पचपेड़वा, गैसड़ी, हरैया सतघरवा, ललिया, महमूदनगर और गौरा चौराहा की मस्जिदों और ईदगाहों में भी ईद की नमाज के बाद गले मिलकर मुबारकबाद देने का सिलसिला चला।नमाज के बाद ईद मिलन का दौर शुरू हो गया, जो देर रात तक चलता रहा और रविवार को भी जारी रहा। लोग एक-दूसरे के घर जाकर ईद की बधाई देते रहे और सिवइयां, छोले, दही भल्ले, कबाब जैसे लजीज व्यंजनों का लुत्फ उठाते नजर आए। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक में खासा उत्साह देखा गया।

सांसद और विधायक के साथ गले मिलते नजर आए लोग
ईद के मौके पर जनप्रतिनिधियों ने भी लोगों के बीच पहुंचकर मुबारकबाद दी। सांसद राम शिरोमणि वर्मा, गैसड़ी विधायक राकेश यादव, पूर्व चेयरमैन शाबान अली समेत विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने लोगों से गले मिलकर भाईचारे का संदेश दिया।वहीं सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया। मस्जिदों और ईदगाहों के आसपास पुलिस बल तैनात रहा। सभी थाना प्रभारी अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार गश्त करते रहे। नमाज के दौरान नमाजियों की सुविधा के लिए गोंडा रोड पर ट्रैफिक पुलिस द्वारा रूट डायवर्जन भी किया गया, जिससे किसी तरह की दिक्कत न हो।कुल मिलाकर, बलरामपुर में ईद का त्योहार पूरे उत्साह, शांति और भाईचारे के साथ संपन्न हुआ, जहां हर तरफ मोहब्बत, अपनापन और खुशियों का माहौल देखने को मिला।


