बलरामपुर। राप्ती नदी के कटान से कोड़री घाट और तटबंध को बचाने के लिए बाढ़ खंड ने काम तेज कर दिया है। सोमवार को जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन ने कोड़री घाट पहुंचकर मौके पर चल रहे कटान रोकने और तटबंध को सुरक्षित रखने के काम का जायजा लिया। अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल नदी के बाएं किनारे कटान की स्थिति काबू में है और कोड़री घाट तटबंध सुरक्षित है।डीएम ने नदी के किनारे पहुंचकर कटान की स्थिति देखी और बाढ़ खंड के अधिकारियों से चल रहे काम की जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि जहां कटान की आशंका ज्यादा है, वहां बचाव का काम तेजी से कराया जा रहा है। नदी के पानी के बहाव और तटबंध पर लगातार नजर रखी जा रही है।कटान रोकने के लिए बांस के क्रेट, पॉर्क्युपाइन, जियो सीट, ट्री स्पर, नायलॉन क्रेट और गेबियन क्रेट लगाए जा रहे हैं। काम में तेजी लाने के लिए मौके पर 100 से ज्यादा मजदूर लगाए गए हैं। अधिकारियों के मुताबिक जरूरी सामान भी पर्याप्त मात्रा में मौजूद है और जरूरत पड़ने पर तुरंत काम में इस्तेमाल करने के लिए अतिरिक्त सामान का स्टॉक भी रखा गया है।

डीएम ने मौके पर पहुंचकर देखा हाल
डीएम ने निर्देश दिया कि कटान वाले और संवेदनशील स्थानों पर दिन-रात निगरानी रखी जाए। नदी का पानी बढ़ने या बहाव बदलने पर तुरंत बचाव का काम शुरू कराया जाए। उन्होंने कहा कि मशीनें भी हर समय तैयार रहें, ताकि जरूरत पड़ते ही बिना देरी काम शुरू किया जा सके।जिलाधिकारी ने साफ कहा कि तटबंध की सुरक्षा में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। उन्होंने सभी जरूरी सामान का पर्याप्त स्टॉक रखने और नदी की स्थिति पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए।निरीक्षण के दौरान बाढ़ खंड के अधिशासी अभियंता भरतराम, सहायक अभियंता विजय सिंह, अनिरुद्ध प्रताप, अंकित वर्मा, अनुज कुमार और आपदा विशेषज्ञ अरुण सिंह मौजूद रहे।

