लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने इस बार अनुपूरक बजट में केवल निर्माण कार्यों पर ही नहीं, बल्कि जल संरक्षण के प्रति लोगों की सोच बदलने पर भी जोर दिया है। वर्ष 2026-27 के अनुपूरक बजट में भूजल संरक्षण के लिए जनजागरूकता अभियान चलाने हेतु 1.475 करोड़ रुपये की अतिरिक्त धनराशि का प्रावधान किया गया है।यह राशि लघु सिंचाई विभाग की भू-जल जनजागरूकता एवं प्रचार-प्रसार योजना के तहत खर्च की जाएगी। सरकार का मानना है कि भूजल संकट से निपटने के लिए सिर्फ सरकारी योजनाएं नहीं, बल्कि आम लोगों की भागीदारी भी जरूरी है।
योगी सरकार ने खोला बजट का पिटारा
सरकार की योजना है कि लोगों को भूजल के महत्व, जल के सीमित संसाधनों और उसके विवेकपूर्ण उपयोग के बारे में जागरूक किया जाए। इसके लिए गांवों, कस्बों और शहरों में विभिन्न माध्यमों से प्रचार-प्रसार और जनसंपर्क अभियान चलाए जाएंगे।विशेषज्ञों का मानना है कि प्रदेश के कई इलाकों में लगातार गिरते भूजल स्तर को देखते हुए जागरूकता अभियान संरक्षण की दिशा में अहम भूमिका निभा सकता है।
गिरते भूजल स्तर पर सरकार अलर्ट
अनुपूरक बजट में यह अतिरिक्त धनराशि नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति विभाग को उपलब्ध कराई गई है। विभाग अब भूजल संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने की दिशा में अभियान चलाएगा। सरकार का उद्देश्य लोगों को वर्षा जल संचयन, जल पुनर्भरण (रीचार्ज) और पानी के जिम्मेदार उपयोग के प्रति प्रेरित करना है, ताकि भविष्य में जल संकट को कम किया जा सके।

